बिहार के मौलाना अब्दुल्लाह सलीम द्वारा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मां पर कथित अभद्र टिप्पणी के बाद पूरे प्रदेश में आक्रोश फैल गया है। मामले में अब तक 83 थानों में FIR दर्ज होने की खबर है, जबकि लखनऊ, वाराणसी और गोरखपुर सहित कई शहरों में विरोध प्रदर्शन और पुतला दहन किए गए।
असम के कांकड़ा गांव प्राथमिक विद्यालय में स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्रगान की जगह बच्चों से कुरान की आयतें और फातिहा पढ़वाए जाने के दावे ने विवाद खड़ा कर दिया है। स्थानीय लोगों ने इसे राष्ट्रीय प्रतीकों का अपमान और धार्मिक प्रथा थोपने की कोशिश बताया, जबकि राज्य शिक्षा विभाग ने जांच शुरू कर दी है। मामला मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के संज्ञान में भी लाया गया है।
सुप्रीम कोर्ट द्वारा नूपुर शर्मा और वजाहत खान के मामलों में दिए गए अलग-अलग फैसलों पर हिंदू संगठनों और सोशल मीडिया में तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। न्यायपालिका की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए कई संगठनों ने इसे दोहरे मापदंड का उदाहरण बताया है।
उत्तर प्रदेश में हलाल सर्टिफिकेशन वाले उत्पादों पर प्रतिबंध लागू कर दिया गया है, जबकि छत्तीसगढ़ में भी इस मुद्दे पर सख्त कदम उठाने की चर्चाएं तेज हो गई हैं। दोनों राज्यों में खाद्य सुरक्षा, कानूनी वैधता और सामाजिक प्रभाव को लेकर हलाल प्रमाणन पर बहस जोर पकड़ रही है।