लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आधिकारिक आवास पर आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) के नए निदेशक के चयन प्रक्रिया में भाग लिया, लेकिन दस्तावेजों की कमी और पारदर्शिता पर सवाल उठाते हुए औपचारिक असहमति दर्ज कर राजनीतिक बहस को तेज कर दिया।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी के बयान — “अगर मैं राजनीति छोड़ दूं तो कितने लोग खुश होंगे?” — ने राष्ट्रीय राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। भाजपा नेताओं ने इसे कमजोरी और चुनावी ड्रामा बताया, जबकि कांग्रेस समर्थकों ने इसे आत्ममंथन और जनभावनाओं को समझने की कोशिश करार दिया।
Uttam Nagar में युवक की हत्या के बाद जारी तनाव के बीच Saurabh Bharadwaj के दौरे का स्थानीय लोगों ने विरोध किया, जिससे स्थिति कुछ समय के लिए और तनावपूर्ण हो गई और सुरक्षा के बीच उन्हें वापस लौटना पड़ा।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी के हालिया रोड शो में भीड़ की कमी ने उनकी पीआर टीम को परेशान कर दिया। दिल्ली के व्यस्त इलाकों में आयोजित इस रैली में अपेक्षित जनसमर्थन नहीं दिखा, जिसके कारण शूटिंग टीम को ट्रैफिक जाम में फंसे लोगों को ही भीड़ के रूप में पेश करना पड़ा। राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यह कांग्रेस के लिए बड़ा झटका है और पार्टी को जनता से जुड़ने के लिए और ठोस रणनीति अपनानी होगी।